सिलाई मशीन योजना के नाम पर ई-मित्र संचालक महिलाओं को लूट रहे, अधूरी जानकारी देकर फॉर्म भरवा रहे

सिलाई मशीन योजना के नाम पर ई-मित्र संचालक महिलाओं को लूट रहे, अधूरी जानकारी देकर फॉर्म भरवा रहे राजस्थान में इन दिनों ई मित्र केन्द्रों…

सिलाई मशीन योजना के नाम पर ई-मित्र संचालक महिलाओं को लूट रहे, अधूरी जानकारी देकर फॉर्म भरवा रहे

राजस्थान में इन दिनों ई मित्र केन्द्रों पर विश्वकर्मा योजना के नाम पर महिलाओं से सिलाई मशीन के लालच में 100-100 रुपए खर्चा लेकर फॉर्म भरवाए जा रहे हैं।

जबकि जिस योजना में महिलाएं फॉर्म भर रही है उस योजना में कहीं भी सिलाई मशीन मिलने का जिक्र तक नहीं है, आवेदन करने के बाद आवेदक की तीन स्तरों पर जांच होती है एवं इसके बाद यह भी जांचा जाता है कि आवेदक की दुकान है या नहीं, वास्तव में यह काम करेगा या नहीं , शहरों में नगर परिषद की टीम इसका वेरिफिकेशन भी करेगी।

एवं इसके बाद 15 दिन की ट्रेनिंग होगी, तब जाकर टूल किट खरीदने के लिए 15000 रुपए मिलेंगे।

विश्वकर्मा योजना क्या है ?

सीएससी वीएलई विनय कुमार फुलवारी ने बताया कि विश्वकर्म योजना के तहत लोहार, सुनार, मोची, कुम्हार, नाई, धोबी, दर्जी, झाड़ू बनाने वाले, टोकरी बनाने वाले सहित 18 प्रकार के व्यापार एवं कामगार शामिल हैं।

योजना की त्रिस्तरीय जांच होगी

इस योजना में आवेदन करने के लिए प्रथम चरण में ग्राम पंचायत एवं स्थानीय नगर परिषद के स्तर पर जांच की जाएगी,  द्वितीय चरण में आवेदक का पुनरीक्षण एवं अनुशंसा जिला स्तर पर जांच की जाएगी, तीसरे चरण में अनुमोदन राज्य स्तरीय समिति द्वारा किया जाएगा ‌।

यह भी पढ़ें राजस्थान में फ्री बिजली नहीं होगी बंद, एक करोड़ से ज्यादा उपभोक्ताओं को मिल रहा है फायदा

विश्वकर्मा योजना की योग्यता

  • योजना में आवेदन करने वाले आवेदक 18 निश्चित पारंपरिक व्यवसाय में से किसी एक में कार्य कर रहा होना चाहिए।
  • रजिस्ट्रेशन की तिथि तक आवेदक की उम्र न्यूनतम 18 वर्ष होनी चाहिए।
  • आवेदक द्वारा पिछले 5 साल के दौरान स्वरोजगार या बिजनेस डेवलपमेंट के लिए केंद्रीय या राज्य से ऋण नहीं लिया हुआ होना चाहिए।
  • सरकारी सेवा में कार्यरत कार्मिक या उसके परिवार का कोई भी सदस्य इस योजना में योग्य नहीं हो सकता।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *